आ आ आ आ आ
आ ऐ आ आ ऐ ऐ आ
अरे अरे
आ तैयार हो जा
आ आ तैयार हो जा
शाम की कश्ती में आ के सवार हो जा चलो चलें
आ सहारा होगा
कहीं ना कहीं तो कोई किनारा होगा चलो चलें
अररररररर
आ आ आ आ तैयार हो जा ...
आ तैयार हो जा रे
आजा आजा चल चलें
तैर के या डूब के चल पार जाना है
शाम की कश्ती ...
शाम कुंवारी होगी
होंठ हमारे होंगे बात तुम्हारी होगी
बात तो भोली होगी
मीठी भी होगी थोड़ी शहद भी घोली होगी
आ आ आ आ आ
शाम कुंवारी ...
प्यार का गोता क्या है
डूब के देखा नहीं देखना होता क्या है
होने को होना क्या है
दिल में टीस होगी आँख में पानी होगा चलो चलें
आ आ आ आ आ
प्यार का गोता ...
Date de génération : 2008-10-19 00:38+0200 ― Mentions légales.